Breaking News

एक साथ दो जानें गईं / झोला छाप डॉक्टर से उपचार कराने आई गर्भवती की मौत, बेहोश बताकर लाश भिजवा दी घर

अज्ञानता ने अपने ही प्राणी की जान ले ली। यहां एक झोलाछाप डॉक्टर द्वारा अबोर्शन कराने को लेकर एक गर्भवती की मौत का मामला सामने आया है। झोलाछाप ने महिला को बेहोश बताकर परिजनों को उसे घर ले जाने की सलाह दे दी। घर पहुंचे के घंटों बाद भी महिला होश में नहीं आई। इस पर परिजन महिला को अस्पताल लाए जहां चिकित्सको ने उसकी मौत होने की पुष्टि की। पुलिस ने झोला छाप के खिलाफ मामला दर्ज किया हैे।

जानकारी के अनुसार शहर की बाई का बाग निवासी लाखन सिंह कुशवाह की 40 वर्षीय दो माह की गर्भवती पत्नी मीरा के शनिवार को पेट में दर्द हुआ। परिजन फर्जी चिकित्सक गोपाल कुशवाहा के पास लेकर पहुंचे तो गोपाल ने उसका गर्भपात करने को लेकर रुपए 15000 की मांग की, इस पर परिजन राजी हो गए और 11000 की राशि एडवांस दे दी। फर्जी चिकित्सक ने उसका उपचार किया और शेष राशि 4000 लेकर उसे घर ले जाने की सलाह दे दी।

परिजन उसे घर ले गए और घंटों वाद भी वह होश में नही आई तो मौहल्ले के लोगों के कहने पर उसे अस्पताल लेकर पहुंचे जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद मृतका के परिजनों ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई। इस पर पुलिस ने पूरे मामले की छानबीन की है। भनक लगते ही फर्जी चिकित्सक गायब हो गया। वहीं पुलिस ने पोस्टमार्टम करा शव परिजनों को सौंप दिया।

गौरतलब है कि इस झोलाछाप के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज हुए हैं जिनमें कई गर्भवती महिलाओं की मौत भी हो चुकी है, लेकिन उसके खिलाफ अभी तक ना तो पुलिस और ना ही स्थानीय प्रशासन उसके खिलाफ कोई कार्रवाई कर सका है। स्वयं जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ गोपाल गोयल बाड़ी कस्बे के निवासी हैं और उनकी संज्ञान में भी पूरा मामला है, लेकिन आज तक वे ऐसे मामलों को लेकर कोई कार्रवाई नहीं कर सके हैं।

Check Also

आम सूचना का खेल! अखबार में छपी, शहर में नहीं मिली — आपत्ति का समय भी निकल गया

🔊 Listen to this Gopal NayakChief Editor आम सूचना का खेल! अखबार में छपी, शहर …